‘एक पेड़ माँ के नाम’ अभियान की शुरुआत
धार। पर्यावरण संरक्षण सिर्फ कागजी अभियान नहीं, बल्कि हम सबका नैतिक कर्तव्य है। इसी संकल्प के साथ विश्व पर्यावरण दिवस के मौके पर धार पुलिस लाइन स्थित ‘मोतीवन’ में एक भव्य पौधारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। पुलिस मुख्यालय भोपाल के निर्देश पर शुरू हुए “एक पेड़ माँ के नाम” अभियान के तहत परिसर में 125 से अधिक फलदार और छायादार पौधे रोपे गए। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद धार पुलिस अधीक्षक सचिन शर्मा ने खुद पौधा रोपकर इस मुहिम की शुरुआत की।
सिर्फ पौधा लगाना काफी नहीं, उसका संरक्षण भी जरूरी
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए एसपी सचिन शर्मा ने बदलते मौसम और बढ़ते प्रदूषण पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि “बढ़ते प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन जैसी गंभीर चुनौतियों से निपटने का इकलौता रास्ता वृक्षारोपण ही है। लेकिन बात सिर्फ पौधा लगाने तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, जब तक हम उन्हें बड़ा करने और उनके संरक्षण की जिम्मेदारी नहीं लेंगे, तब तक अभियान अधूरे हैं।” उन्होंने पुलिस परिवार और आम जनता से अपील की कि वे अपनी मां के नाम पर कम से कम एक पौधा जरूर लगाएं और उसकी नियमित देखभाल करें।
प्रशासनिक अमले के साथ सामाजिक संगठनों ने मिलाए हाथ
इस पर्यावरण महाअभियान में केवल पुलिस महकमा ही नहीं, बल्कि जिले के आला प्रशासनिक अधिकारी और सामाजिक संगठन भी कंधे से कंधा मिलाकर खड़े नजर आए। सभी ने न सिर्फ पौधे लगाए, बल्कि उनकी देखरेख का संकल्प भी लिया। कार्यक्रम के सफल समापन पर सभी उपस्थितजनों को स्वल्पाहार वितरित किया गया।
कार्यक्रम में मौजूद गरिमामयी मौजूदगी
इस महाअभियान में जिले के शीर्ष प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों ने सहभागिता की। प्रशासनिक अमले से जिला पंचायत सीईओ अभिषेक चौधरी और सहायक कलेक्टर आशी शर्मा विशेष रूप से मौजूद रहे। वहीं पुलिस विभाग का नेतृत्व करते हुए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पारूल बेलापुरकर, नगर पुलिस अधीक्षक धार सुजावल जग्गा, उप पुलिस अधीक्षक आनंद तिवारी, उप पुलिस अधीक्षक गगन हनवत (परिवीक्षाधीन) और रक्षित निरीक्षक पुरुषोत्तम बिश्नोई सहित भारी संख्या में पुलिस बल तैनात रहा। इस मुहिम को जन-आंदोलन बनाने के लिए शहर के प्रमुख सामाजिक संगठनों जैसे भारत विकास परिषद, “आओ सहेजे धरा” और भू माई फाउंडेशन के पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं ने भी अपनी सक्रिय भूमिका निभाई।
अधिकारियों के अलावा पुलिस लाइन में रहने वाले जवानों के परिवारों और बच्चों ने भी इस मुहिम में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया, जिससे पूरा ‘मोतीवन’ परिसर पर्यावरण उत्सव के रंग में रंगा नजर आया।

