पुलिस के सामने आरोपियों ने गालीगलौच कर दी जान से मारने की धमकी
रात ढाई बजे भी किया गया पीडित परिवार के मकान पर पथराव
धार। दिन में रास्ते पर हुई एक मामूली कहासुनी रात होते-होते इस कदर खौफ में बदल जाएगी, इसका अंदाजा संजय कॉलोनी निवासी पीड़ित परिवार को कतई नहीं था। आधी रात दरवाजे पर गूंजती गालियां, खिड़कियों पर बरसते ईंट-पत्थर और चकनाचूर होते वाहनों के शीशों ने पूरे इलाके में दहशत फैला दी। खुद को और बच्चों को घर के अंदर कैद कर परिवार ने किसी तरह अपनी जान बचाई।
यह घटना मंगलवार 18 अगस्त की रात करीब 9:30 बजे संजय कॉलोनी स्थित श्वेता सक्सेना (शिक्षिका, गुरुकुल एकेडमी) के घर पर घटी। उस वक्त श्वेता अपने बेटों प्रियांशु, वेदांश और सास इंद्रादेवी के साथ घर के अंदर मौजूद थीं। तभी पड़ोस में रहने वाले संजय चौहान और उसका बेटा केशव चौहान अचानक उनके दरवाजे पर पहुंचे और गाली-गलौज करते हुए प्रियांशु को बाहर निकालने की मांग करने लगे। भयवश जब परिवार ने दरवाजा बंद कर लिया, तो आरोपियों ने लाठी और पत्थरों से घर के बाहर खड़ी पीड़िता की स्कूटी, ससुर वीरेंद्र सक्सेना की टीवीएस एक्सल/लूना तथा कार (क्रमांक MP09CV7837) के आगे, पीछे और चारों दरवाजों के शीशे पूरी तरह चकनाचूर कर दिए। इतना ही नहीं, आरोपियों ने ससुर के घर के दरवाजे पर भी पत्थरबाजी की और जाते-जाते प्रियांशु को जान से मारने की सीधी धमकी दी।

फरियादी शिक्षिका श्वेता सोनी ने बताया कि घर के बाहर कांच के बड़े वेंटिलेश्न पर बड़े–बड़े पत्थर फेंके गए, जिससे वे टूट गए हैं। लोहे के फाटक और लकड़ी के फाटक पर बड़े पत्थर और ईंटें बरसाई है। घटना के समय मैं और मेरे दो बच्चे घर में अकेले थे। तीन से चार लोग मेरे घर के बाहर आए और गाली गलौच करने लगे और पत्थर और ईंटें बरसाना शुरू कर दिया। हमने तुरंत मुख्य दरवाजा लगा लिया, नहीं तो हो सकता है वो तीनों लोग हमको मार देते। उनके हाथ में लट्ठ, पत्थर और ईंटे थी। हम लोग बहुत घबरा गए थे। पुलिस को सूचना देने के बाद 10 से 15 मिनट में आए थे। दो आरोपी व्यक्ति पुलिस के आने के बाद भी घटना स्थल पर मौजूद थे। पुलिस के सामने दोनों आरोपियों ने मेरे पति को गाली गलौच की और जान से मारने की धमकी दी। रिपोर्ट लिखाने के बाद रात करीब ढाई बजे हमारे घर पर पथराव किया था, जिसकी सूचना हमने पुलिस को दी थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई।

शिक्षिका श्वेता सक्सेना का आरोप है कि पुलिस वालों की मौजूदगी में आरोपियाें से उनसे गालीगलौच की और जान से मारने की धमकी दी। इसके बावजूद पुलिस वालों ने उन आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया गया। हमारे ऊपर बदमाशों ने डंडे से हमला किया तो भी पुलिस वालों ने उनको पकड़ा नहीं। वीडियो में साफ दिख रहा है कि तीन पुलिस वालों के सामने आरोपियों ने मेरे और पति पर गालीगलौच करते हुए जान से मारने की धमकी दी है।
इस विवाद की शुरुआत उसी दिन सुबह करीब 09:30 बजे हुई थी, जब प्रियांशु अपने रिश्तेदार नवनीत भटनागर के साथ कार का पंचर बनवाकर लौट रहा था। संजय चौहान के घर के सामने से निकलने पर केशव और उसकी मां ने गाली-गलौज की थी, जिसे दोपहर में पूर्व पार्षद शंकर चौहान ने समझाइश देकर शांत करा दिया था।
कॉलोनी में रहने वाले प्रत्यक्षदर्शियों अमित भगौरे, प्रितेश चौहान, प्रकाश मालीवाड़ और नितिन सिंह यादव के सामने हुई इस तोड़फोड़ के बाद पीड़िता ने थाने में कानूनी कार्रवाई की गुहार लगाई है। पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है, ताकि क्षेत्र में कानून-व्यवस्था और सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
नौगांव थाना प्रभारी रामलल्लन मिश्रा ने बताया कि घटना की जानकारी मिलने पर पुलिस जवान मौके पर पहुंचे थे, चूंकि लोग ज्यादा थे और एक ही जवान था, इसलिए आरोपी को नहीं पकड़ पाए। मैंने भी स्वयं घटना स्थल पर जाकर मौका मुआयना किया है और फरियादी को थाने पर लेकर जाकर उनकी रिपोर्ट दर्ज की है। जांच के आधार पर आगामी कार्रवाई की जाएगी।


