किराएदार ने घटना का वीडियो बनाया तो उसके साथ भी मारपीट, मोबाइल फोड़ा
बीच–बचाव करने आए पडोसी पुलिसकर्मी के साथ भी मारपीट, कोतवाली थाने में प्रकरण दर्ज
धार। मकान निर्माण के दौरान धूल और छींटों से बचने के लिए लगाई गई एक तिरपाल भी पड़ोसियों के गुस्से को शांत नहीं कर सकी। धार के महालक्ष्मी नगर में बोरिंग और चेंबर निर्माण के मामूली विवाद ने उस वक्त हिंसक रूप ले लिया, जब एक दंपति ने अकेले पाकर महिला के साथ बेरहमी से मारपीट कर दी। बीच-बचाव करने आए किराएदार और पड़ोसियों तक को नहीं बख्शा गया और घटना का वीडियो बना रहे युवक का मोबाइल छीनकर चकनाचूर कर दिया गया।
यह वारदात 23 सितंबर बुधवार की शाम करीब 7:00 बजे कोतवाली थाना क्षेत्र के महालक्ष्मी नगर में घटी। मूल रूप से बदनावर निवासी और हाल मुकाम महालक्ष्मी नगर में रह रही 34 वर्षीय पायल ठाकुर पति मोहन ठाकुर अपने निर्माणाधीन मकान में काम करा रही थीं। उसी दौरान पड़ोसी राजेश राठौर और उसकी पत्नी पूजा राठौर ने बोरिंग मशीन से घर की दीवार व कैमरा खराब होने का आरोप लगाते हुए विवाद शुरू किया। गाली-गलौज का विरोध करने पर दोनों ने महिला पर हमला बोल दिया। कोतवाली थाना पुलिस ने फरियादिया की शिकायत पर उसी रात 9:44 बजे आरोपी दंपति राजेश राठौर और पूजा राठौर के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 296(a), 115(2), 351(2), 324(4) और 3(5) के तहत प्रकरण दर्ज किया है।

घटना के समय पीड़िता के पति घर पर मौजूद नहीं थे। आरोप के मुताबिक, राजेश राठौर ने प्लास्टिक के पाइप से महिला की पीठ पर वार किए, जबकि उसकी पत्नी पूजा ने हाथ-मुक्कों से हमला किया, जिससे पीड़िता के गले, रीढ़ की हड्डी और छाती में गंभीर अंदरूनी चोटें आईं। इस दौरान जब किराएदार धूमसिंह अलावा, उनकी पत्नी और साले सुरेंद्र जमरा ने बीच-बचाव का प्रयास किया, तो आरोपियों ने उनके साथ भी हाथापाई की। घटना का वीडियो रिकॉर्ड कर रहे सुरेंद्र का मोबाइल छीनकर जमीन पर पटक कर फोड़ दिया गया। पास में रहने वाले पुलिसकर्मी पड़ोसी दर्पण मंडलीक और उनकी पत्नी नेहा मंडलीक ने मौके पर पहुंचकर बीच-बचाव कराने आए तो राजेश राठौर और पूजा राठौर ने पुलिसकर्मी दर्पण मंडलीक और पत्नी नेहा मंडलीक के साथ भी मारपीट की।
पीड़िता पायल ठाकुर का कहना है कि उन्होंने विवाद से बचने के लिए पहले ही दीवार के पास तिरपाल (पल्ली) लगा दी थी। इसके बावजूद आरोपी 20 से 25 हजार रुपये के नुकसान की भरपाई की मांग कर रहे थे और पैसे न देने पर जान से मारने की धमकी दी।

पीड़िता ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि इस विवाद की आशंका को लेकर उन्होंने घटना से एक दिन पहले ही कोतवाली थाने में आवेदन दिया था, लेकिन पुलिस ने समय रहते कोई ठोस कदम नहीं उठाया। साथ ही एफआईआर में पूरी बातें दर्ज न करने और घटना के बाद भी आरोपियों की गिरफ्तारी न होने पर सवाल खड़े किए हैं। बीमार चल रहीं पीड़िता ने प्रशासन से आरोपियों को जल्द गिरफ्तार करने की मांग की है। अब देखना यह होगा कि दर्ज एफआईआर और पीड़िता की गंभीर शिकायतों के बाद पुलिस आरोपियों की गिरफ्तारी और मामले की निष्पक्ष जांच में कितनी तेजी दिखाती है।
कोतवाली थाना प्रभारी ईश्वर सिंह चौहान ने बताया कि घर के पास बोरिंग को लेकर विवाद है, जिसकी कल रिपोर्ट दर्ज की गई है। रिपोर्ट की धाराओं के आधार पर वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
नोट : एक दिन पहले ही कोतवाली थाने में प्राथी महिला ने दिया था आवेदन।

