मैहर : माँ शारदा प्रबंध समिति के सदस्य को ‘कारण बताओ’ नोटिस
मैहर (मध्य प्रदेश)। प्रसिद्ध धार्मिक स्थल मैहर में माँ शारदा देवी मंदिर प्रबंध समिति के एक सदस्य पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगने के बाद हड़कंप मच गया है। समिति के गैर-सरकारी सदस्य सचिन मिश्रा पर एक निविदाकार (ठेकेदार) से 1 लाख रुपए की रिश्वत मांगने और मानसिक रूप से प्रताड़ित करने का आरोप लगा है। मामला सामने आने के बाद मंदिर प्रशासन ने त्वरित कड़ा रुख अपनाते हुए आरोपी सदस्य को 24 घंटे के भीतर लिखित स्पष्टीकरण देने का अल्टीमेटम जारी किया है।
क्या है पूरा मामला
मिली जानकारी के अनुसार, मैहर के वार्ड क्रमांक-11 के निवासी और निविदाकार महेश चौरसिया ने 23 मई को मंदिर प्रबंध समिति के समक्ष एक लिखित शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि:
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‘यात्री निवास क्रमांक-01’ और ‘कैंटीन क्रमांक-01’ का ठेका दिलवाने के बदले उनसे एक लाख रुपये की मांग की जा रही है।
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शिकायतकर्ता का दावा है कि आरोपी सदस्य सचिन मिश्रा द्वारा उन पर पैसे देने के लिए बार-बार दबाव बनाया जा रहा है और कहा जा रहा है कि पैसे न देने पर ठेका किसी और को दे दिया जाएगा।
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पैसे देने से मना करने पर शिकायतकर्ता को धमकी दी गई कि उनकी प्रसाद की दुकान बंद करवा दी जाएगी और उनका ठेका भी निरस्त करवा दिया जाएगा।
प्रशासन की सख्त कार्रवाई: पद से हटाने की तैयारी
शिकायत को गंभीरता से लेते हुए माँ शारदा देवी मंदिर प्रबंध समिति के प्रशासक ने सदस्य सचिन मिश्रा को एक आधिकारिक नोटिस (पत्र क्रमांक 479) जारी किया है।
नोटिस की मुख्य बातें:
आरोपी सदस्य को 24 घंटे के भीतर लिखित में अपना स्पष्टीकरण प्रस्तुत करना होगा।
संतोषजनक जवाब न मिलने की स्थिति में उनके खिलाफ एकपक्षीय कार्रवाई की जाएगी।
समिति ने चेतावनी दी है कि मामला सही पाए जाने पर उन्हें पद से पृथक (बर्खास्त) करने के लिए धार्मिक न्यास एवं धर्मस्व विभाग, भोपाल (म.प्र. शासन) को लिखा जाएगा।
इस पत्र की एक प्रतिलिपि मैहर के कलेक्टर एवं माँ शारदा देवी मंदिर प्रबंध समिति के अध्यक्ष को भी सूचनार्थ भेज दी गई है ताकि मामले पर पैनी नजर रखी जा सके। इस घटना के बाद से मैहर के स्थानीय प्रशासनिक और धार्मिक गलियारों में चर्चाओं का बाजार गर्म है। अब देखना यह होगा कि आरोपी सदस्य इस नोटिस का क्या जवाब देते हैं।

