पुलिस से अभद्रता करने वाला इंदौर का आरोपी जितेंद्र गिरफ्तार, भेजा गया धार जेल
धार। शराब का अत्यधिक नशा, बीच सड़क पर हाईवोल्टेज ड्रामा, पुलिस से अभद्रता और फिर फर्जी नंबर प्लेट का सनसनीखेज खुलासा! थाना कोतवाली पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए एक ऐसे शातिर शख्स को दबोचा है जो इंदौर के पास का रहने वाला है, लेकिन धार में दिल्ली की चोरी की मोटरसाइकिल पर फर्जी नंबर प्लेट लगाकर घूम रहा था। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर सीधे धार जिला जेल की सलाखों के पीछे भेज दिया है।
नशे में झूम रहा था बाइक सवार, नंबर प्लेट ने बढ़ाई उलझन
मामला मंगलवार, 2 जून का है। कोतवाली पुलिस को मोबाइल पर सूचना मिली कि मांडव नाका के पास एक व्यक्ति शराब के नशे में धुत होकर हीरो स्प्लेंडर मोटरसाइकिल चला रहा है। नशा इतना ज्यादा था कि वह बार-बार सड़क पर गिर और उठ रहा था। राहगीरों ने जब उसकी बाइक पर नजर डाली, तो उसकी नंबर प्लेट भी बेहद संदिग्ध दिखाई दे रही थी। सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस ने जब बाइक सवार को रोककर गाड़ी के दस्तावेज मांगे, तो वह सकपका गया और कोई कागज पेश नहीं कर सका।
समझाने पर किया हंगामा, पुलिस ने लगाया ‘शॉर्टकट पर ब्रेक’
शराब के अत्यधिक नशे में होने के कारण पुलिस ने तत्काल उसके खिलाफ 185 मोटर व्हीकल एक्ट के तहत कार्रवाई की। पुलिस टीम ने उसे शांति से समझाने की कोशिश की, लेकिन वह हंगामा करने लगा और पुलिसकर्मियों से ही अभद्रता पर उतारू हो गया।
मामला बिगड़ता देख पुलिस ने उठाया सख्त कदम: कोई बड़ा संज्ञेय अपराध घटित न हो और कानून व्यवस्था बनी रहे, इसलिए पुलिस ने बिना वक्त गंवाए आरोपी को धारा 170, 126, 135(3) BNSS के तहत गिरफ्तार कर लिया और थाने ले आई।
इंदौर का आरोपी, दिल्ली की निकली बाइक
थाने लाकर जब पुलिस ने बाइक की बारीकी से जांच की, तो पूरा मामला ‘फर्जीवाड़े’ का निकला। आरोपी की जालसाजी का पर्दाफाश कुछ इस तरह हुआ:
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नंबर प्लेट का फर्जीवाड़ा: बाइक पर MP09 ND 5798 नंबर लिखा हुआ था। जब पुलिस ने इसे RTO पोर्टल पर चेक किया तो पता चला कि यह नंबर TVS MAX 4R गाड़ी का है, जबकि आरोपी हीरो स्प्लेंडर चला रहा था।
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इंजन और चेसिस नंबर ने खोला राज: संदेह गहराने पर पुलिस ने बाइक का इंजन नंबर (
HA10ELC9J00015) और चेसिस नंबर (MBLHA10ASC9J00825) आरटीओ की साइट पर सर्च किया। -
दिल्ली का कनेक्शन: जांच में सामने आया कि यह मोटरसाइकिल असल में DL3SCG 2040 नंबर की है, जो महेश (निवासी: किशनगढ़ विलेज, नॉर्थ किशन, नई दिल्ली) के नाम पर दर्ज है।
धोखाधड़ी और कूटरचना का केस दर्ज, भेजा गया जेल
आरोपी ने जानबूझकर चोरी या अवैध वाहन की पहचान छुपाने के लिए फर्जी नंबर प्लेट का इस्तेमाल कर कूटरचना की थी। पुलिस ने आरोपी जितेन्द्र पिता तेजराम कहार (निवासी: ब्राम्हण पिपलिया, थाना मांगलिया, जिला इंदौर) के खिलाफ थाना कोतवाली में अपराध क्रमांक 303/2026, धारा 318(4), 336(2), 338, 341(2) बीएनएस (BNS) के तहत मामला दर्ज कर विवेचना में ले लिया है। आरोपी को माननीय न्यायालय के समक्ष पेश किया गया, जहां से उसे जिला जेल धार भेज दिया गया है।
इन जांबाजों का रहा सराहनीय योगदान
इस पूरे फर्जीवाड़े का पर्दाफाश करने और मुस्तैदी से कार्रवाई करने में कोतवाली थाना प्रभारी दीपकसिंह चौहान, प्रधान आरक्षक (142) अजयसिंह चौहान, आरक्षक (1036) रवि मसार, और आरक्षक (1054) रुपेश की विशेष और सराहनीय भूमिका रही।
