दो सालों से पति से अलग रहकर मजदूरी कर दो बच्चों का पालन पोषण कर रही थी
पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा, जिसे लेकर परिजन हरदा रवाना हुए
धार। औद्योगिक क्षेत्र पीथमपुर के संजय जलाशय पर शुक्रवार शाम एक 36 वर्षीय महिला ममता बोरिले ने जहरीला पदार्थ पीकर आत्महत्या कर ली। घटना के समय महिला के साथ उनके 13 और 8 वर्ष के दो मासूम बच्चे भी मौजूद थे। महिला ने खुद जहर खाने के साथ-साथ बच्चों को भी इसे पिलाने का प्रयास किया, लेकिन बच्चों के इनकार करने के चलते उनकी जान बच गई। इस आत्मघाती कदम को उठाने के बाद महिला ने स्वयं फोन कर अपने परिजनों को इसकी सूचना दी थी।
मृतका ममता बोरिले मूल रूप से हरदा की रहने वाली थीं और पिछले दो वर्षों से अपने पति जितेंद्र बोरिले से अलग रह रही थीं। वह पीथमपुर की हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी में रहकर एक निजी कंपनी में मजदूरी करती थीं और अपने दोनों बच्चों का पालन-पोषण कर रही थीं। मृतका के भतीजे योगेश बामने के अनुसार, घटना वाले दिन दोपहर में ममता का उनके पति से फोन पर किसी बात को लेकर तीखा झगड़ा हुआ था, जिसके कारण वे अत्यधिक मानसिक तनाव में थीं।
अस्पताल के मेडिकल ऑफिसर (सीएससी) डॉ. रेहान अंसारी ने बताया कि महिला को मृत अवस्था में अस्पताल लाया गया था। प्राथमिक जांच में जहरीले पदार्थ के सेवन की पुष्टि हुई है। मौत के सटीक कारणों का पता लगाने के लिए विसरा सुरक्षित रखा गया है, जिसकी विस्तृत रिपोर्ट आना अभी बाकी है।

प्राथमिक जांच के दौरान पुलिस को घटनास्थल या मृतका के पास से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है। पोस्टमार्टम के बाद शव को परिजनों को सौंप दिया गया है, जिसे लेकर वे उनके पैतृक गांव हरदा रवाना हो गए हैं। पुलिस ने इस पूरे मामले में मर्ग कायम कर लिया है। मामले की आगे की तफ्तीश और बैकग्राउंड की जांच के लिए पुलिस अब बच्चों के बयान दर्ज कर रही है और मृतका के कॉल रिकॉर्ड्स को खंगाल रही है।
