धामनोद क्षेत्र में साइबर ठगों का आतंक, दो ग्रामीणों से 1.41 लाख रुपये की धोखाधड़ी, केस दर्ज
धार। डिजिटल क्रांति के इस दौर में साइबर अपराधियों के हौसले लगातार बुलंद होते जा रहे हैं। मध्य प्रदेश के धामनोद थाना क्षेत्र से ऑनलाइन वित्तीय धोखाधड़ी के दो गंभीर मामले सामने आए हैं, जहाँ अज्ञात शातिर ठगों ने झांसा देकर और मोबाइल हैक कर दो लोगों के खातों से कुल 1,41,419 रुपये साफ कर दिए। जिला साइबर सेल और साइबर पोर्टल पर शिकायत दर्ज होने के बाद धामनोद पुलिस ने मामले की असल कायमी करते हुए भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4) के तहत प्रकरण दर्ज कर लिया है।
पहले मामले में, ग्राम खलघाट निवासी 29 वर्षीय हरिओम पिता राधेश्याम जावरे के साथ 20 जुलाई 2026 की मध्यरात्रि अज्ञात व्यक्ति ने धोखाधड़ी की। आरोपी ने किसी अन्य व्यक्ति का रूप धारण (भेष बदलकर/रूप बदलकर) कर फरियादी को छलपूर्वक झांसे में लिया और 91,419 रुपये की संपत्ति ठग ली। इस मामले की असल कायमी (साइबर अपराध क्र. 430/2026 की रिपोर्ट प्राप्त होने पर) 25 जुलाई शनिवार की रात 08:15 बजे की गई।
वहीं दूसरे मामले में, ग्राम धानी निवासी 36 वर्षीय जितेन्द्र पिता रामेश्वर चौहान का मोबाइल (नंबर 7869862748) 17 जुलाई 2026 की दोपहर हैक कर लिया गया। अज्ञात आरोपी ने ‘फोन पे’ के माध्यम से उनके बैंक खाते से तीन किस्तों में कुल 50,000 रुपये उड़ा दिए। ठगों ने 17 जुलाई की दोपहर 2:40 बजे पहली बार में 30,000 रुपये (ट्रांजेक्शन आईडी: T2607171440255175827610, UTR: 290734663518) निकाले। इसके बाद अगले दिन 18 जुलाई की शाम 4:22 बजे 10,000 रुपये और 4:23 बजे फिर 10,000 रुपये का ट्रांजेक्शन कर धोखाधड़ी को अंजाम दिया। इस मामले में भी साइबर अपराध क्र. 510/2026 के आधार पर 25 जुलाई शनिवार की रात 08:00 बजे असल कायमी की गई।
ऑनलाइन लेन-देन में बढ़ती सुरक्षा चूक और मोबाइल हैकिंग जैसी घटनाओं ने स्थानीय प्रशासन और पुलिस के सामने नई चुनौतियाँ खड़ी कर दी हैं। इन मामलों में साइबर सेल अब ट्रांजेक्शन आईडी और UTR नंबरों के आधार पर अज्ञात आरोपियों की लोकेशन और उनके बैंक खातों का सुराग लगाने में जुट गई है, ताकि साइबर अपराध के इस नेटवर्क पर अंकुश लगाया जा सके।
