दुष्कर्म, मारपीट और धमकी के पुलिस ने अलग-अलग थानों में दर्ज किए संगीन धाराओं में केस
धार। जिले में रिश्तों को कलंकित करने और अत्याचार के तीन गंभीर मामले सामने आए हैं। कहीं शादी का झांसा देकर शारीरिक शोषण के बाद वीडियो वायरल करने की धमकी दी गई, तो कहीं नाबालिग के साथ बर्बरता और मारपीट की वारदात को अंजाम दिया गया। पुलिस ने तीनों ही मामलों में तत्परता दिखाते हुए आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
यह पूरी कार्रवाई धार जिले के तीन अलग-अलग थाना क्षेत्रों कोतवाली धार, सागौर और सेक्टर 01 पीथमपुर में 30 जून को की गई। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, कोतवाली धार में आरोपी सुमित शर्मा (निवासी पट्ठा चौपाटी) के खिलाफ सुंदरवन कॉलोनी में शादी का झांसा देकर शोषण करने और फोटो-वीडियो वायरल करने की धमकी देने का मामला दर्ज हुआ है। वहीं, थाना सागौर के अंतर्गत ग्राम खेड़ा में आरोपी दीपक भाभर ने एक नाबालिग पीड़िता के साथ बलात्कार कर मारपीट की। तीसरे मामले में, थाना सेक्टर 01 पीथमपुर के हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी में यूपी के मैनपुरी निवासी आरोपी आयुष चौहान के खिलाफ रिलेशनशिप में रहकर शारीरिक संबंध बनाने और बाद में शादी से मुकर जाने का अपराध दर्ज किया गया है।
कोतवाली धार के मामले में आरोपी सुमित ने पीड़िता को धमकी दी थी कि यदि उसने कहीं और शादी की तो वह उसके निजी वीडियो और फोटो सार्वजनिक कर देगा। सागौर की घटना अधिक वीभत्स है, जहां आरोपी दीपक ने पीड़िता के साथ न केवल दुष्कर्म किया बल्कि उसे थप्पड़-मुक्कों से बुरी तरह पीटा। पीथमपुर का मामला पहले गुमशुदगी (गुमइंसान क्रमांक 116/26) के रूप में दर्ज था, जिसकी गहन जांच के बाद आरोपी आयुष चौहान की करतूत सामने आई और पुलिस ने इसे अपराध की श्रेणी में तब्दील किया।
धार जिला पुलिस इन तीनों ही मामलों में कानूनी प्रक्रियाओं को आगे बढ़ा रही है। सागौर मामले में पोक्सो एक्ट और भारतीय न्याय संहिता की बेहद सख्त धाराओं के तहत कार्रवाई होने से आरोपी को कड़ा दंड मिलना तय माना जा रहा है। इन मुकदमों के दर्ज होने के बाद क्षेत्र में महिला सुरक्षा को लेकर कानून व्यवस्था और अधिक सख्त होने की उम्मीद है, साथ ही पुलिस द्वारा आरोपियों की धरपकड़ के लिए आगे की विवेचना जारी है।
