धार। माता-पिता को भगवान का रूप माना जाता है, लेकिन धार के कोतवाली थाना क्षेत्र से एक ऐसा मामला सामने आया है जिसने रिश्तों को तार-तार कर दिया है। एक कलयुगी बेटे द्वारा अपने ही 80 वर्षीय बुजुर्ग माता-पिता को दाने-दाने के लिए तरसाने और उन्हें मानसिक व शारीरिक रूप से प्रताड़ित करने का एक गंभीर मामला प्रकाश में आया है। बुजुर्ग पिता की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी बेटे के खिलाफ कानूनी शिकंजा कस दिया है।
यह पूरी घटना धार की सुंदरवन कॉलोनी की है। यहाँ के निवासी 80 वर्षीय बुजुर्ग रमेशचन्द्र अग्रवाल (पिता मन्नालालजी अग्रवाल) ने अपने ही सगे बेटे लोकेश अग्रवाल के खिलाफ कोतवाली थाने में शिकायत दर्ज कराई है। फरियादी के अनुसार, उनका बेटा लोकेश बीते साल 13 मई 2025 से लेकर अब तक लगातार उन्हें और उनकी वृद्ध पत्नी को आए दिन परेशान कर रहा है और उनके साथ लड़ाई-झगड़ा करता है। हद तो तब हो गई जब आरोपी ने बुजुर्ग माता-पिता को खाने-पीने की चीजें देना तक बंद कर दिया। इस बात से परेशान होकर पीड़ित बुजुर्ग ने थाने पहुंचकर न्याय की गुहार लगाई, जिसके बाद 8 जुलाई बुधवार को शाम 04:42 बजे पुलिस ने मामला दर्ज किया।
थाना कोतवाली पुलिस ने पीड़ित बुजुर्ग पिता रमेशचन्द्र अग्रवाल की रिपोर्ट पर आरोपी बेटे लोकेश अग्रवाल के खिलाफ ‘माता-पिता और वरिष्ठ नागरिकों का भरण-पोषण तथा कल्याण अधिनियम, 2007’ की धारा 24 के तहत अपराध पंजीकृत कर लिया है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। वरिष्ठ नागरिकों के संरक्षण के लिए बने इस कड़े कानून के तहत दर्ज हुए इस मामले के बाद अब आरोपी बेटे पर सख्त कानूनी कार्रवाई होना तय माना जा रहा है, जो समाज में बुजुर्गों की सुरक्षा और उनके अधिकारों के प्रति एक कड़ा संदेश देगी।
