तिरला पुलिस ने दर्ज किया धोखाधड़ी का मामला, आरोपी फरार
धार। जमीन जायदाद के नाम पर धोखाधड़ी करने वाले जालसाजों के हौसले बुलंद हैं। तिरला थाना क्षेत्र के अंतर्गत एक ऐसा ही सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहाँ एक व्यक्ति ने पीड़ित से प्लॉट का सौदा कर पूरी राशि तो ऐंठ ली, लेकिन बाद में उन्हीं भूखंडों को किसी अन्य व्यक्ति को बेचकर पीड़ित के साथ साफ तौर पर ठगी की वारदात को अंजाम दे दिया।
यह पूरा मामला तिरला के विनायक रेसिडेंसी कालोनी का है। पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार, ग्राम धामंदा के निवासी कंवरलाल (60 वर्ष), पिता नन्दराम पाटीदार ने तिरला निवासी आरोपी नरेन्द्रसिंह, पिता जनकसिंह ठाकुर के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। आरोपी नरेंद्र सिंह ने विनायक रेसीडेंसी कॉलोनी में स्थित अपने भूखंड क्रमांक 286, 288 और 289 को पीड़ित कंवरलाल को विक्रय किया था और इसके बदले पूरी राशि भी प्राप्त कर ली थी। यह घटना 14 जून 2026 के दोपहर 3:10 बजे से लेकर 30 जून 2026 के शाम 5:00 बजे के बीच की है, जो थाना तिरला से दक्षिण-पूर्व दिशा में करीब 4 किलोमीटर दूर विनायक रेसिडेंसी कालोनी में घटित हुई। राशि प्राप्त करने के बाद भी आरोपी ने वे भूखंड पीड़ित को सौंपने के बजाय किसी और को बेच दिए।

पीड़ित कंवरलाल द्वारा इस धोखाधड़ी के संबंध में पुलिस को एक शिकायत आवेदन पत्र प्रस्तुत किया गया था। पुलिस द्वारा आवेदन पत्र की विस्तृत जांच की गई, जिसके कारण मामले को दर्ज करने में समय लगा। जांच में शिकायत सही पाए जाने के उपरान्त 16 जुलाई गुरुवार को रात 8:57 बजे थाना तिरला में आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4) के तहत अपराध पंजीबद्ध कर मामला विवेचना में लिया गया है। वर्तमान में आरोपी नरेंद्र सिंह फरार है, जिसकी तलाश की जा रही है। पुलिस द्वारा मामले की आगे की कानूनी कार्रवाई और बैकग्राउंड की बारीकी से जांच की जा रही है।
