Headlines

धार में ‘सेफ क्लिक 2.0’ : साइबर ठगी के खिलाफ बड़ी चौपाल

सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ वकील और एसपी ने 500 छात्रों को सिखाए साइबर सुरक्षा के गुर

धार। क्या आप जानते हैं कि एक गलत क्लिक आपको ‘डिजिटल अरेस्ट’ का शिकार बना सकता है? आज के इस आधुनिक युग में जहाँ इंटरनेट हमारी ज़रूरत बन चुका है, वहीं साइबर अपराधी भी नए-नए तरीकों से लोगों को अपनी ठगी का शिकार बना रहे हैं। इसी डिजिटल खतरे से आमजन और युवाओं को सुरक्षित करने के लिए धार पुलिस ने एक बेहद खास और प्रभावी पहल की है।

मध्य प्रदेश पुलिस मुख्यालय भोपाल के निर्देशानुसार, धार जिले में 24 जून से 08 जुलाई 2026 तक 15 दिवसीय “सेफ क्लिक 2.0” साइबर जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। इसी कड़ी में शनिवार को अभियान के 11वें दिन, पुलिस अधीक्षक सचिन शर्मा के नेतृत्व में धार के पीजी कॉलेज ऑडिटोरियम हॉल में एक विशाल साइबर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस विशेष कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में भारत के सर्वोच्च न्यायालय एवं दिल्ली उच्च न्यायालय के वरिष्ठ अधिवक्ता सुशांत इंदरजीत सिंह उपस्थित रहे। उनके साथ जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव व माननीय न्यायाधीश प्रदीप सोनी, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विजय डावर और एसबीआई की प्रबंधक पूजा शिंदे सहित विभिन्न कॉलेजों व स्कूलों के लगभग 500 छात्र-छात्राएं, शिक्षक और गणमान्य नागरिक मौजूद थे।

कार्यक्रम के दौरान विशेषज्ञों ने साइबर अपराधों से बचने के व्यावहारिक तरीके साझा किए। एसपी सचिन शर्मा ने डिजिटल अरेस्ट, ऑनलाइन ट्रेडिंग फ्रॉड, खतरनाक एपीके फाइलों, फर्जी लिंक्स और ओटीपी फ्रॉड से सावधान रहने की अपील की। वहीं, वरिष्ठ अधिवक्ता सुशांत इंदरजीत सिंह ने युवाओं को एक जिम्मेदार डिजिटल नागरिक बनने की प्रेरणा दी और उनके संवैधानिक अधिकारों की जानकारी दी। कानूनी पहलुओं पर रोशनी डालते हुए न्यायाधीश प्रदीप सोनी ने समय पर शिकायत दर्ज कराने के महत्व को समझाया, जबकि एसबीआई की पूजा शिंदे ने सुरक्षित डिजिटल बैंकिंग के टिप्स दिए। कार्यक्रम में सभी को जागरूक किया गया कि ठगी होने पर तुरंत राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 या www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कराएं।

इस आयोजन का मुख्य आकर्षण निमाड़ कैम्ब्रिज स्कूल, धामनोद के विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत किया गया नुक्कड़ नाटक रहा, जिसने कलात्मक तरीके से फिशिंग लिंक और सोशल मीडिया के दुरुपयोग के खतरों को सामने रखा।

धार पुलिस का यह जनहितकारी अभियान केवल इसी कार्यक्रम तक सीमित नहीं है। आने वाले दिनों में भी यह अभियान जिले के सभी थाना क्षेत्रों, हाट-बाजारों, चौराहों और स्कूलों में नुक्कड़ नाटक, कार्यशालाओं और पंपलेट वितरण के माध्यम से जारी रहेगा। इस अभियान का दूरगामी प्रभाव यह होगा कि आने वाले समय में धार जिला न केवल साइबर ठगी के प्रति अधिक सजग बनेगा, बल्कि यहाँ के युवा और ग्रामीण भी सुरक्षित डिजिटल व्यवहार को अपनाकर एक सुरक्षित डिजिटल समाज के निर्माण में भागीदार बनेंगे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *