छिंदवाड़ा में कार्यपालन अभियंता पर सख्त कार्रवाई, जारी हुआ आरोप-पत्र
भोपाल। भ्रष्टाचार पर नकेल कसने और अपनी ‘जीरो टॉलरेंस पॉलिसी’ को जमीन पर उतारते हुए मध्यप्रदेश पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी लिमिटेड ने एक बड़ी कार्रवाई की है। कंपनी प्रबंधन ने ठेकेदारों से अनुचित लाभ और अवैध धनराशि मांगने के गंभीर आरोपों से घिरे छिंदवाड़ा शहर के कार्यपालन अभियंता शरद बिसेन के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया है।
हाल ही में छिंदवाड़ा (शहर) में पदस्थ कार्यपालन अभियंता शरद बिसेन पर ठेकेदारों से बिलों के भुगतान और अन्य शासकीय कार्यों के एवज में अवैध राशि मांगने, पद के दुरुपयोग तथा ‘मध्यप्रदेश सिविल सेवा (आचरण) नियमों’ के उल्लंघन के आरोप लगे हैं। इन गंभीर अनियमितताओं के सामने आने पर कंपनी प्रबंधन ने उनके विरुद्ध तुरंत विभागीय जांच शुरू करते हुए औपचारिक आरोप-पत्र जारी किया है। इसके साथ ही, प्रशासनिक व्यवस्था को प्रभावित होने से रोकने के लिए उन्हें तत्काल प्रभाव से स्थानांतरित कर कार्यपालन अभियंता (प्रवर्तन), छतरपुर के पद पर भेज दिया गया है।
इस सख्त कदम के जरिए कंपनी प्रबंधन ने अपने समूचे तंत्र को स्पष्ट संदेश दिया है कि कार्यस्थल पर भ्रष्टाचार, अनियमितता या कदाचार को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। संस्था में पारदर्शिता, जवाबदेही और सुशासन कायम रखने के लिए दोषी पाए जाने वाले किसी भी अधिकारी या कर्मचारी के खिलाफ नियमों के तहत ऐसी ही कठोर कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
